About jasmine flower in Hindi | चमेली के फूल की पूरी जानकारी

About Jasmine flower in Hindi – जैस्मिन फ्लावर जिसे हिंदी में चमेली के फूल के नाम से जाना जाता है यह तासीर में गर्म हो और स्वाद में कड़वी तथा कसेली होती है जो काफी आसानी से हजम हो जाती है इसे आयुर्वेद में औषधि के रूप में इस्तेमाल किया जाता है जो हमारे स्वास्थ्य के लिए काफी लाभकारी होती है तो आइए जानते हैं चमेली फूल के फायदे, नुकसान, प्रयोग के बारे 

  चमेली के फूल की जानकारी |information about Jasmine flower in Hindi

 Jasmine यानि चमेली के फूल जो बहुत ही खूबसूरत और सुगंधित होते हैं जिसके सामने जाने और इसका सुगंध लेने से सामने वाले व्यक्ति मनमोहित हो जाता है और उस व्यक्ति को अंदर से एक अलग ही तरह की खुशी मिलती है इसके फूल गुच्छो में सफेद रंग के खिलते हैं जो दिखने में काफी खूबसूरत लगते हैं लेकिन इसके फूल 15 से 20 years तक ही रहता है इसके बाद इसका पौधा फूल देना बंद कर देता है और इसकी एक और जाति हैं `स्वर्णयूथिका´ जिसके खुशबूदार फूलों का रंग पीला होता है और पौधे झाड़ीदार तथा पत्ते हरे चमकीले होते हैं विभिन्न आकार में होते हैं

 चमेली के पौधे की जानकारी 

चमेली के बेल की लंबाई लगभग 20 फीट तक रहती है लेकिन अगर इसे किसी लकड़ी, दीवार या झाड़ के सहारे लगा दिया जाए तो इसकी लंबाई करीब 35 फीट तक हो सकती हैं और इस फूल की करीब 200 प्रजातियां पाई जाती हैं इस पौधे के लिए गर्म तथा समशीतोष्ण दोनों ही प्रकार की जलवायु उपयुक्त माना जाता है तथा यह सूखे है स्थानों में भी असानी से जीवित रह सकती हैं

कुल – ओलिएसिई (Oleaceae)

वैज्ञानिक नाम – Jasminum

चमेली के फूल के फायदे | Benefits of jasmine flower in Hindi

1. पेट के कीड़ों के लिए – अगर आपके पेट में कीड़ों की समस्या है तो आप चमेली के 10 ग्राम पत्तों को पीसकर पानी में मिलाकर इसे पीने से आपके पेट के कीड़े आसानी से निकलते हैं

2. घाव ठीक करने के लिए – चमेली का तेल एक अच्छा एंटीसेप्टिक और कीटाणुनाशक होता है अगर आपको किसी भी तरह का चोट या घाव है तो चमेली के तेल में रुई डुबोकर चोट वाले हिस्से में लगाएं इससे आपके घाव या चोट का दर्द तो ठीक होगा ही साथ ही आपके घाव भी भर जाएंगे

3. मुंह के छालों के लिए – अगर आपके मुंह में बार-बार छाले पड़ रहे हैं ,इससे आपको काफी दर्द हो रहा है बोल नहीं पा रहे हैं, खा नहीं पा रहे हैं और आप इन छालों से पूरा परेशान हो चुके हैं तो आप इस चमेली के कुछ पत्तों को अच्छे से धो कर चबाए, चबाने के बाद इन पत्तों से जो रस निकलेगा वह आपके मुंह के छालों को ठीक कर देगा 

4. दाद, खाज तथा खुजली होने पर – अगर आपके शरीर में दाद, खाज तथा खुजली की समस्या है तो आप दाद व खुजली को अच्छा करने के लिए आप चमेली के फूलों को लेप बनाकर प्रभावित हैं हिस्सों पर लगाएं

5. सिर में दर्द होने पर – अगर आपको अधिक काम करने की वजह से, टेंशन के वजह से अगर आपके सिर में दर्द की समस्या बनी रहती है तो आप चमेली के फूलों का लेप सिर पर लगा सकते हैं इससे आपको काफी राहत मिलेगी

6. तनाव दूर करने के लिए – आजकल के इस टेक्नोलॉजी वाली दुनिया में अधिकतर लोग अधिक कामों की वजह से नींद पूरी नहीं कर पाते हैं जिसके वजह से हमेशा तनाव या सिरदर्द की समस्या बनी रहती है जिसे ठीक करने के लिए आप चमेली के फूलों की सुगंध ले सकते हैं चमेली के फूलों की खासियत हम पहले ही बात कर चुके हैं की यह कितनी कारगर होती है यह आपके तनाव को दूर करेगी और इसके साथ अब के अनिद्रा की समस्या में भी लाभ दिलाएगी

7. मजबूत बालों के लिए – चमेली के तेल में विटामिन ई प्रचुर मात्रा में मौजूद होता है जो बालों को अच्छा पोषण देता है जिससे हमारे बाल जड़ों से मजबूत और स्वस्थ बने रहते हैं

8. शरीर ऊर्जावान बनाने के लिए – अगर आप थकावट महसूस कर रहे हैं और आपका शरीर उर्जा हीन हो गया है तो हम बता दें कि चमेली के तेल से मालिश करने से न केवल थकावट दूर होती है बल्कि इससे ब्लड सर्कुलेशन अच्छी होती है और शरीर ऊर्जावान बनी रहती है

9. चेहरे के फोड़े और फुंसी दूर करने के लिए – अगर आपके चेहरे पर फोड़े-फुंसी या घाव के निशान या फिर दाग धब्बे ऐसी कोई समस्या है तो आप इसे दूर करने के लिए चमेली के तेल के साथ बादाम का तेल मिलाकर उपयोग कर सकते हैं इन दोनों को मिलाकर उपयोग करने से दोगुनी ताकत के साथ काम करती है इसे अपने चेहरे पर लगाएं और कुछ देर मसाज करें इससे आपको चेहरे की समस्या दूर करने में काफी मदद मिलेगी

10. शीघ्रपतन ठीक करने के लिए – चमेली के तेल में कामोत्तेजक गुण पाए जाते हैं जो आपके कामेच्छा व यौन इच्छाओं की भावनाओं को बढ़ाता है और समय से पहले आपके शीघ्रपतन, नपुंसकता जैसी यौन समस्याओं को ठीक करने में काफी मदद करता है

1. इसके लिए आप चमेली के फूल और पत्ते के रस को निकालें और तेल में पका लें अब इस से मालिश करें इससे नपुंसकता दूर करने में काफी सहायता मिलेगी

2. चमेली के 5 से 10 फूलों को पीसें और इसका लेप अपने लिंग पर लगाएं यह संभोग करने कि शक्ति को काफी हद तक बढ़ाती है

11. कान की बहने की समस्या के लिए – अगर किसी व्यक्ति को कान दर्द हो रहा है और मवाद निकल रही है तो 20 ग्राम चमेली के पत्तों को 100 ग्राम तिल के तेल में उबालकर छानकर हल्का ठंडा होने के बाद इसे अपने कानों में एक-एक बूंद डालें इससे कान बहना बंद होता है

12. एसिडिटी दूर करने के लिए – अगर आपके पेट में एसिडिटी या गैस की समस्या है तो इससे राहत पाने के लिए आप चमेली के 10 से 20 मिली जड़ का काढ़ा बनाकर इसका नियमित रूप से सेवन कर सकते हैं इस उपाय से आपका गैस तथा एसिडिटी की समस्या में काफी फायदा मिलेगा

13. पैरों के फटी एड़ियों के लिए – अक्सर किसी न किसी भी व्यक्ति को किसी कारण से पैरों की एड़ियां अधिकतर फटती रहती है जिसके लिए आप चाहे तो चमेली के पत्तों का ताजा रस निकालकर फटी एड़ियों पर लगा दे इससे आपको काफी लाभ मिलेगा

चमेली के अन्य नाम | Other name of jasmine flower in

Hindi – चम्बेली,चमेली, चंबेली

English – कैंटालोनियन जैस्मिन (कैतालोंयन

jasmine), स्पैनिश जैसमिन (Spanish jasmine), रॉयल जैस्मिन (Royal jasmine)

Sanskrit- जनेष्टा, सौमनस्यनी, जाति, सुमना, चेतिका

Bengali – चमेली, जाति

Nepali – लहरे चमेली

Punjabi – चम्बा, जाती

Marathi – चमेली

Malayalam – पिचकम, पिक्कामूला

Oriya – मालोतो, जयफूलो

Urdu – चम्बेली, यास्मीन 

Kannada – मल्लिगे

Gujarati – चम्बेली,चमेली

Tamil – कोडीमल्लीगई, पिच्ची

Telugu – जाजी, मालती

चमेली के फूल का प्रयोग | Uses of jasmine flower in Hindi

1. चमेली के फूलों को माला बनाने और सजावट में सजाने के लिए प्रयोग किया जाता है

2. चमेली के फूल के रस को सौंदर्य उत्पादों को बनाने में प्रयोग किया जाता है

3. चमेली के फूलों को भगवान चरणों में अर्पित किया जाता है

4. इसके फूलों को कई तरह के दवाई बनाने में प्रयोग किया जाता हैं

5. इसके फूल अधिक सुगंधित होने के कारण इससे इत्र भी बनाया जाता है

6. इससे तेल भी बनाया जाता है जो स्वास्थ के लिए काफी हेल्थी होता है 

7. चमेली का चाय भी बनाया जाता है

8. आयुर्वेद में चमेली के पौधे का जड़, पत्ते, फूल, पंचांग और वाष्प से तैयार किया हुआ तेल सभी इस्तेमाल किया जाता है

 चमेली के फूलों का नुकसान

1. इसे कभी भी अधिक मात्र में सेवन ना करें

2. जिन लोगों को इससे एलर्जी होती हो वह इसका प्रयोग ना करें

Read More

1. Lily flower in Hindi

2. Marigold flower in Hindi

Leave a Comment